Khabar21
  • होम
  • बीकानेर
  • राजस्थान
  • देश-दुनिया
  • व्यापार
  • मनोरंजन
  • धार्मिक
  • करियर
  • खेल
Reading: अरावली खनन पर बड़ा सवाल: केंद्रीय मंत्री के बयान और सुप्रीम कोर्ट रिपोर्ट में भारी अंतर
Share
Aa
Aa
Khabar21
  • होम
  • बीकानेर
  • राजस्थान
  • देश-दुनिया
  • व्यापार
  • मनोरंजन
  • धार्मिक
  • करियर
  • खेल
Search
  • होम
  • बीकानेर
  • राजस्थान
  • देश-दुनिया
  • व्यापार
  • मनोरंजन
  • धार्मिक
  • करियर
  • खेल
Follow US
Khabar21 > Blog > राजस्थान > अरावली खनन पर बड़ा सवाल: केंद्रीय मंत्री के बयान और सुप्रीम कोर्ट रिपोर्ट में भारी अंतर
राजस्थान

अरावली खनन पर बड़ा सवाल: केंद्रीय मंत्री के बयान और सुप्रीम कोर्ट रिपोर्ट में भारी अंतर

editor
editor Published December 25, 2025
Last updated: 2025/12/25 at 5:55 PM
Share
SHARE
Chat on WhatsApp
Share News

अरावली खनन को लेकर आंकड़ों में टकराव

जयपुर। अरावली पर्वतमाला में खनन को लेकर केंद्र सरकार के दावों और आधिकारिक दस्तावेजों के बीच गंभीर विरोधाभास सामने आया है। केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव के हालिया बयान और केंद्रीय सशक्त समिति (CEC) की 2024 की रिपोर्ट से जुड़े दस्तावेजों के आंकड़े एक-दूसरे से मेल नहीं खाते। यह वही रिपोर्ट है, जिस पर सुप्रीम कोर्ट ने अपनी मुहर लगाई है।

Contents
अरावली खनन को लेकर आंकड़ों में टकरावमंत्री का दावा और दस्तावेजों की सच्चाईखनन क्षेत्र बढ़ाने की योजना का खुलासासुप्रीम कोर्ट के आदेश और प्रतिबंधरोजगार और उद्योग पर असरअरावली और ग्रीन मार्बल का महत्व

मंत्री का दावा और दस्तावेजों की सच्चाई

केंद्रीय मंत्री भूपेंद्र यादव ने कहा था कि अरावली की संशोधित परिभाषा लागू होने के बाद केवल 277.9 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र ही खनन के लिए योग्य रहेगा। मंत्रालय का तर्क है कि अरावली पर्वतमाला 37 जिलों में लगभग 1.4 लाख वर्ग किलोमीटर क्षेत्र में फैली है, लेकिन खनन पट्टे बेहद सीमित क्षेत्र में ही मौजूद हैं।

हालांकि, CEC रिपोर्ट से जुड़े दस्तावेज इससे अलग तस्वीर दिखाते हैं। टाइम्स ऑफ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार, CEC के साथ संलग्न नोट में साफ तौर पर उल्लेख है कि केवल राजस्थान की अरावली पहाड़ियों में ही वर्तमान खनन क्षेत्र 2,339 वर्ग किलोमीटर तक फैला हुआ है।

खनन क्षेत्र बढ़ाने की योजना का खुलासा

दस्तावेजों में राजस्थान सरकार के ड्राफ्ट विजन डॉक्यूमेंट–2047 का भी जिक्र है। इसमें अरावली क्षेत्र में खनन क्षेत्र को 2,339 वर्ग किलोमीटर से बढ़ाकर 4,000 वर्ग किलोमीटर तक करने की योजना बताई गई है। सरकार का तर्क है कि इससे “जिम्मेदार खनन” को बढ़ावा मिलेगा और आर्थिक विकास को गति मिलेगी।

- Advertisement -

सुप्रीम कोर्ट के आदेश और प्रतिबंध

CEC रिपोर्ट में यह भी उल्लेख है कि सुप्रीम कोर्ट के 8 अप्रैल 2005 के आदेश के बाद अरावली क्षेत्र में नए खनन पट्टे जारी करने पर रोक है। फिलहाल राजस्थान की अरावली पहाड़ियों में 1,008 खनन पट्टे पहले से मौजूद बताए गए हैं। रिपोर्ट के अनुसार, इस प्रतिबंध का राज्य की अर्थव्यवस्था पर गहरा प्रभाव पड़ा है।

रोजगार और उद्योग पर असर

केंद्र सरकार के दस्तावेजों में खनन को बड़े पैमाने पर रोजगार से जोड़कर देखा गया है। रिपोर्ट के मुताबिक, खनन गतिविधियों से करीब 8 लाख लोगों को प्रत्यक्ष रोजगार मिलता है, जबकि 20 से 25 लाख लोगों की आजीविका अप्रत्यक्ष रूप से इससे जुड़ी है। सुप्रीम कोर्ट के प्रतिबंधों के कारण लगभग 10 हजार औद्योगिक इकाइयां भी प्रभावित हुई हैं, जिनमें हजारों करोड़ रुपये का निवेश शामिल है।

अरावली और ग्रीन मार्बल का महत्व

रिपोर्ट में यह भी रेखांकित किया गया है कि राजस्थान देश में निर्माण कार्य के लिए उपयोग होने वाले संगमरमर का प्रमुख उत्पादक है। विशेष रूप से ग्रीन मार्बल, जिसका उत्पादन केवल राजस्थान में होता है और जिसका निर्यात अंतरराष्ट्रीय स्तर पर किया जाता है, अरावली पर्वतमाला से ही निकाला जाता है।


Share News

editor December 25, 2025
Share this Article
Facebook TwitterEmail Print

Latest Post

गुजरात निकाय चुनाव में भाजपा की बड़ी जीत, सभी 15 निगमों पर कब्जा
देश-दुनिया
लीज राशि जमा के बाद भी पट्टा नहीं, महिला ने कलेक्टर से लगाई गुहार
बीकानेर
बीकानेर में ग्राम रथ अभियान शुरू, योजनाओं का गांव-गांव प्रचार
बीकानेर
टाउन हॉल किराया बढ़ने पर रंगकर्मियों ने जताया विरोध, कमी की मांग
बीकानेर
उदयरामसर स्कूल में 33 छात्राओं को साइकिल वितरण, शिक्षा को बढ़ावा
बीकानेर
बीकानेर में ट्रैक्टर पलटने से युवक की दर्दनाक मौत
बीकानेर
वीर चक्र विजेता ब्रिगेडियर जगमाल सिंह राठौड़ का निधन
बीकानेर
बीकानेर फड़ बाजार में रुपये न देने पर युवक से मारपीट
बीकानेर

You Might Also Like

राजस्थान

ई-चालान के नाम पर साइबर ठगी का जाल, पुलिस का अलर्ट – Rajasthan News

Published April 26, 2026
राजस्थान

राजस्थान में तेज गर्मी का कहर, पारा 44 डिग्री के करीब

Published April 23, 2026
राजस्थान

राजस्थान स्कूलों में पासबुक पर लगी रोक हटी, पढ़ाई को मिली राहत

Published April 21, 2026
राजस्थान

राजस्थान में बढ़ी गर्मी: कई शहरों में 40°C पार, हीटवेव अलर्ट

Published April 21, 2026
Khabar21
Follow US

© Copyright 2022, All Rights Reserved Khabar21 | Designed by Uddan Promotions Pvt. Ltd.

  • About Us
  • Contact Us
  • Disclaimer
  • Privacy Policy
  • Terms and Conditions
1520138487750

Removed from reading list

Undo
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?