बीकानेर। श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र में एक गर्भवती युवती की संदिग्ध मौत का मामला सामने आया है, जिसमें मृतका के पिता ने उसकी हत्या कर सबूत मिटाने के गंभीर आरोप लगाए हैं। न्यायालय के आदेश के बाद पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
अभयसिंहपुरा निवासी भागूराम मेघवाल ने अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट, श्रीडूंगरगढ़ के समक्ष परिवाद प्रस्तुत कर बताया कि उसकी पुत्री कविता का विवाह इंदपालसर हीरावतान निवासी राजूराम से हुआ था। बाद में वह गांव के ही रामावतार नायक के साथ लिव-इन रिलेशनशिप में रहने लगी थी। परिवाद के अनुसार कविता गर्भवती थी और इसी बात को लेकर उसे लगातार प्रताड़ित किया जाता था। उस पर गर्भपात कराने का दबाव बनाया जाता था तथा कथित रूप से उसके साथ मारपीट भी की जाती थी।
परिवाद में आरोप लगाया गया है कि 1 जून को रामावतार के घर से चीख-पुकार की आवाजें सुनाई दीं। इस दौरान कुछ लोगों ने कविता के साथ मारपीट होते देखी। आरोप है कि गर्भ को लेकर हुए विवाद में उसके पेट पर लातें मारी गईं, जिससे उसकी हालत गंभीर हो गई। बाद में उसे अस्पताल ले जाया गया और फिर बीकानेर रेफर किया गया।
मृतका के पिता का आरोप है कि बीकानेर ले जाते समय उसकी पुत्री को जहरीला पदार्थ दिया गया, जिससे उसकी मौत हो गई। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि घटना के बाद पुलिस और परिजनों को सूचना दिए बिना रात में शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया, ताकि सबूत नष्ट किए जा सकें। परिवाद में नाबालिग दोहिती की मौत और उससे जुड़े साक्ष्य मिटाने के भी आरोप लगाए गए हैं।
- Advertisement -
परिवादी का कहना है कि उन्होंने पहले स्थानीय पुलिस और पुलिस अधीक्षक कार्यालय में शिकायत दी थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। इसके बाद उन्होंने न्यायालय का दरवाजा खटखटाया।
मामले की गंभीरता को देखते हुए न्यायालय ने पुलिस को एफआईआर दर्ज करने के निर्देश दिए। कोर्ट के आदेश पर पुलिस ने हत्या, गर्भवती महिला के खिलाफ अपराध, साक्ष्य नष्ट करने सहित विभिन्न गंभीर धाराओं में मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। फिलहाल मामले की जांच जारी है और पुलिस सभी पहलुओं को ध्यान में रखते हुए साक्ष्य जुटाने में लगी हुई है।
