राजस्थान में आंधी और बारिश का असर खत्म होते ही प्रदेश में गर्मी ने दोबारा जोर पकड़ लिया है। बुधवार को अधिकांश शहरों में आसमान साफ रहने और तेज धूप निकलने से तापमान में 2 से 3 डिग्री सेल्सियस की बढ़ोतरी दर्ज की गई। पश्चिमी राजस्थान के कई जिलों में पारा 40 डिग्री सेल्सियस के पार पहुंच गया। India Meteorological Department के अनुसार 9 मई से प्रदेश में लू का नया दौर शुरू हो सकता है, जिसमें तापमान 45 से 47 डिग्री सेल्सियस तक पहुंचने की संभावना है। हालांकि भरतपुर और धौलपुर जिलों में हल्की बारिश को लेकर येलो अलर्ट जारी किया गया है।
बीकानेर में सुबह 11 बजे के बाद तेज धूप और गर्म हवाओं ने लोगों को बेहाल कर दिया। दोपहर के समय प्रमुख बाजारों में सन्नाटा देखने को मिला। 6 मई को शहर का अधिकतम तापमान 40.2 डिग्री और न्यूनतम 23.8 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया। बढ़ती गर्मी का असर कारोबार पर भी दिखाई दे रहा है और व्यापार में लगभग 20 प्रतिशत गिरावट दर्ज की गई है। लोग गर्मी से बचने के लिए चेहरे ढककर बाहर निकल रहे हैं, जबकि ठंडे पेय पदार्थों की दुकानों पर भीड़ बढ़ गई है।
शहर में पानी की मांग करीब 30 प्रतिशत तक बढ़ गई है। नहरबंदी के कारण जल आपूर्ति प्रभावित हो रही है, जिससे गंगाशहर और भीनासर क्षेत्रों के लोग निजी टैंकरों पर निर्भर हो गए हैं। बढ़ती मांग के चलते टैंकर संचालकों ने पानी के दाम 100 से 200 रुपए तक बढ़ा दिए हैं। भीषण गर्मी का असर पशु-पक्षियों पर भी पड़ रहा है। परिंडों का पानी गर्म हो रहा है और पशु छांव की तलाश में भटकते नजर आ रहे हैं।
मौसम विभाग के मुताबिक 7 मई को तापमान 42 डिग्री, जबकि 8 और 9 मई को 43 डिग्री सेल्सियस तक रहने की संभावना है। 10 और 11 मई को हीटवेव का अलर्ट जारी किया गया है और 12 मई तक तापमान 47 डिग्री तक पहुंच सकता है।
