बीकानेर में कोटगेट और सांखला रेलवे फाटक को लेकर चल रहे विवाद ने अब कानूनी रूप ले लिया है। रामकृष्ण दास गुप्ता द्वारा जनहित याचिका दायर कर इन फाटकों की जगह आरयूबी (रेलवे अंडर ब्रिज) बनाने का विरोध किया गया है। याचिका में राज्य सरकार, केंद्र सरकार, रेलवे, बीकानेर विकास प्राधिकरण और सार्वजनिक निर्माण विभाग को पक्षकार बनाया गया है। साथ ही मास्टर प्लान के अनुसार रेलवे बायपास बनाने की मांग भी उठाई गई है।
इस मामले में जोधपुर स्थित हाईकोर्ट की खंडपीठ ने सुनवाई करते हुए महत्वपूर्ण निर्देश दिए हैं। न्यायमूर्ति विनित कुमार माथुर और न्यायमूर्ति चन्द्र शेखर शर्मा की पीठ ने सार्वजनिक निर्माण विभाग और बीकानेर विकास प्राधिकरण को आरयूबी की फिजीबिलिटी रिपोर्ट प्रस्तुत करने के आदेश दिए हैं।
इसके अलावा, कोर्ट ने बीकानेर के कलेक्टर और सार्वजनिक निर्माण विभाग के अधीक्षण अभियंता को 19 मई 2026 को व्यक्तिगत रूप से अदालत में उपस्थित रहने के निर्देश भी दिए हैं।
याचिकाकर्ता की ओर से अधिवक्ता अनिल व्यास ने पक्ष रखा। अब इस मामले की अगली सुनवाई 19 मई को होगी, जहां संबंधित अधिकारी अपनी रिपोर्ट के साथ कोर्ट में पेश होंगे।
