

अजमेर। मूर्ति विसर्जन के दौरान पांच युवकों की डूबने से मौत हो गई। मृतकों में चाचा-भतीजा भी शामिल हैं। एक युवक का पैर फिसला था। उसे बचाने के लिए एक-एक कर 5 और युवक पानी में उतरे और सभी डूब गए। दलदल का उन्हें अंदाजा नहीं था। काफी मशक्कत के बाद ग्रामीणों ने शवों को निकाला। मामला अजमेर के नसीराबाद स्थित नांदला इलाके का है।
सरपंच मानसिंह रावत ने बताया कि मूर्ति विसर्जन के लिए नंदा जी की ढाणी से 25 ग्रामीण बुधवार दोपहर करीब 3.30 बजे नांदला के पास पानी से भरे गड्ढे पर पहुंचे थे। माता की मूर्ति का विसर्जन किया। मूर्ति को पानी के बीच धकेलने की कोशिश में एक युवक का पैर फिसल गया था। इसी दौरान गहरे पानी में पहुंच गया। इसे बचाने के चक्कर में 5 और की जान चली गई।
सूचना मिलने पर पहुंची पुलिस व ग्रामीणों ने सबको बाहर निकाला। इन्हें लेकर नसीराबाद हॉस्पिटल पहुंचे, जहां डॉक्टर्स ने मृत घोषित कर दिया। मौके और अस्पताल पर स्थानीय पुलिस-प्रशासन भी पहुंचा। सूचना मिलने के बाद केकड़ी से अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक घनश्याम शर्मा भी मौके पर पहुंच गए। एसपी चूनाराम जाट व कलेक्टर अंशदीप भी मौके पर पहुंचे हैं।
छह शवों को देखकर हर आंख नम हो गई। इन्हें लेकर ग्रामीण नसीराबाद हॉस्पिटल पहुंचे, जहां डॉक्टर्स ने मृत घोषित कर दिया। खबर मिलते ही पुलिस और प्रशासन के अफसर भी पहुंचे।
छह शवों को देखकर हर आंख नम हो गई। इन्हें लेकर ग्रामीण नसीराबाद हॉस्पिटल पहुंचे, जहां डॉक्टर्स ने मृत घोषित कर दिया। खबर मिलते ही पुलिस और प्रशासन के अफसर भी पहुंचे।
मृतकों के नाम
नांदला, नंदाजी की ढाणी निवासी पवन पुत्र मोहन रेगर (35), राहुल पुत्र छीतरमल मेघवंशी (25), राहुल पुत्र कैलाश रेगर (25), गाड़ी मोहल्ला, नसीराबाद सिटी निवासी लकी पुत्र शंकर बैरवा (20), गजेन्द्र पुत्र बाबूलाल रेगर (25), शंकर पुत्र बाबूलाल (25)। राहुल (भतीजा) और पवन (चाचा) रिश्तेदार हैं। पवन ड्राइवर है। वहीं, राहुल 12वीं में पढ़ता है।
