कोलकाता में इंडिया पॉलिटिकल एक्शन कमेटी (I-PAC) से जुड़ी प्रवर्तन निदेशालय (ED) की कार्रवाई के बाद मामला अब केंद्र सरकार के उच्च स्तर तक पहुंच गया है। केंद्रीय गृह मंत्रालय ने ईडी से 8 जनवरी को हुई पूरी घटना को लेकर विस्तृत रिपोर्ट तलब की है, जिसमें खास तौर पर यह स्पष्ट करने को कहा गया है कि छापेमारी के दौरान मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के साथ कौन-कौन से वरिष्ठ पुलिस और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद थे।
गुरुवार को ईडी ने कोलकाता के साल्ट लेक स्थित I-PAC कार्यालय और लाउडन स्ट्रीट पर सह-संस्थापक प्रतीक जैन के आवास पर एक साथ छापेमारी और तलाशी अभियान चलाया था। इस कार्रवाई के दौरान हालात उस समय तनावपूर्ण हो गए, जब मुख्यमंत्री ममता बनर्जी स्वयं दोनों स्थानों पर पहुंच गईं। इसके बाद कोलकाता से लेकर दिल्ली तक विरोध प्रदर्शन देखने को मिले।
गृह मंत्रालय ने क्यों मांगी रिपोर्ट
घटनाक्रम से जुड़े सूत्रों के अनुसार, गृह मंत्रालय ने ईडी को निर्देश दिया है कि वह यह बताए कि छापेमारी और सर्च ऑपरेशन के दौरान राज्य प्रशासन की ओर से किन परिस्थितियों का सामना करना पड़ा। साथ ही यह भी स्पष्ट करने को कहा गया है कि मुख्यमंत्री के साथ पहुंचे अधिकारियों की भूमिका क्या रही और क्या इससे केंद्रीय एजेंसी के कामकाज में किसी प्रकार की बाधा उत्पन्न हुई।
ईडी पहले ही इस पूरे मामले पर केंद्रीय वित्त मंत्रालय को एक प्रारंभिक रिपोर्ट सौंप चुकी है। अब एजेंसी अलग से एक विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर गृह मंत्रालय को भेजने की प्रक्रिया में है। यह रिपोर्ट पहले ईडी के कोलकाता जोनल कार्यालय से नई दिल्ली स्थित मुख्यालय भेजी जाएगी, उसके बाद गृह मंत्रालय तक पहुंचेगी।
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सीआरपीएफ की रिपोर्ट भी गृह मंत्रालय को सौंपी
इस कार्रवाई के दौरान ईडी को केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) की सुरक्षा मिली हुई थी। सीआरपीएफ के जवान दोनों ही स्थानों पर मौजूद थे। चूंकि सीआरपीएफ सीधे गृह मंत्रालय के अधीन आता है, इसलिए बल की ओर से भी अपनी अलग रिपोर्ट गृह मंत्रालय को सौंप दी गई है, जिसमें मौके की स्थिति और घटनाक्रम का विवरण शामिल है।
कहां-कहां गई थीं मुख्यमंत्री
जानकारी के मुताबिक, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पहले प्रतीक जैन के आवास पर पहुंचीं और उसके बाद पुलिस अधिकारियों के साथ I-PAC कार्यालय गईं। बताया जा रहा है कि वह वहां से कुछ कागजी फाइलें और इलेक्ट्रॉनिक दस्तावेज अपने साथ लेकर निकली थीं। इसी घटनाक्रम को लेकर अब केंद्र सरकार की ओर से गंभीरता से समीक्षा की जा रही है।
कलकत्ता हाई कोर्ट में आज होगी सुनवाई
इस पूरे मामले को लेकर कलकत्ता हाई कोर्ट में भी कानूनी प्रक्रिया तेज हो गई है। न्यायमूर्ति सुव्रा घोष की एकल पीठ आज ईडी की कार्रवाई से जुड़ी तीन याचिकाओं पर एक साथ सुनवाई करेगी।
मुख्य याचिका ईडी की ओर से दायर की गई है, जिसमें आरोप लगाया गया है कि मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने छापेमारी और तलाशी अभियान के दौरान केंद्रीय एजेंसी के अधिकारियों के काम में हस्तक्षेप किया और अपने संवैधानिक पद का दुरुपयोग किया।
I-PAC रेड से जुड़ा यह मामला अब प्रशासनिक, राजनीतिक और न्यायिक तीनों स्तरों पर गहराता जा रहा है, और आने वाले दिनों में इस पर केंद्र और राज्य के बीच टकराव और तेज होने की संभावना जताई जा रही है।

