बीकानेर। अमेरिकी कांग्रेस के हाउस ऑफ रिप्रेजेंटेटिव्स यानी कि निचले सदन ने एक विधेयक पास किया है। यह विधेयक चीन को नाराज कर सकता है। दरअसल अमेरिका के निचले सदन ने चीन-तिब्बत विवाद संबंधी विधेयक पारित किया है, जिसमें बातचीत के जरिए चीन-तिब्बत> विवाद को सुलझाने की अपील की गई है। अमेरिका के दोनों दलों ने इस विधेयक का समर्थन किया है। इस विधेयक का मकसद चीन की सरकार पर दबाव बनाना है कि वे दलाई लामा और तिब्बत के लोकतांत्रिक नेताओं से बातचीत करें। यह विधेयक चीन की वन चाइना पॉलिसी को सीधी चुनौती है।
बातचीत से विवाद हल करने की अपील
चीन-तिब्बत विवाद विधेयक को कांग्रेसमैन जिम मैक्गवर्न और माइकल मैक्कॉल ने पेश किया। इस बिल में चीन के उस दावे को खारिज किया गया है, जिसमें चीन, तिब्बत को अपना हिस्सा बताता है। सीनेटर जैफ मर्कले और टॉड यंग ने भी ऐसा ही एक अन्य विधेयक अमेरिकी कांग्रेस में पेश किया। जिम मैक्गवर्न ने कहा कि ‘इस विधेयक के समर्थन में वोट तिब्बत के लोगों के अधिकारों को पहचान देने जैसा होगा। साथ ही ये वोट चीन और तिब्बत के बीच जारी विवाद को शांतिपूर्ण तरीके से हल करने के पक्ष में होगी। अभी भी बातचीत से विवाद का हल हो सकता है, लेकिन समय तेजी से बीत रहा है।’ कांग्रेसमैन यंग किम ने कहा कि ‘यह विधेयक तिब्बत के लोगों को अपनी बात कहने का हक देगा। साथ ही यह चीन की कम्युनिस्ट पार्टी और तिब्बत के बीच सीधी बातचीत पर भी जोर देता है।’

