बीकानेर। आईएनए मेट्रो स्टेशन पर शनिवार शाम एक युवक ने ट्रेन के सामने छलांग लगाकर जान दे दी। मृतक की शिनाख्त अजितेज सिंह (33) के रूप में हुई है। युवक के पास से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है। शुरुआती जांच में पता चला कि पिता की मौत के बाद से युवक अवसाद रोग से ग्रस्त थे। उनका इलाज भी चल रहा था। पुलिस शव के पोस्टमार्टम कराकर परिजनों को सौंप दिया है और मामले की जांच कर रही है।
पुलिस अधिकारी ने बताया कि शनिवार 7.38 बजे आईएनए मेट्रो स्टेशन पर एक युवक के खुदकुशी करने की जानकारी मिली। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची। तब तक सीआईएसएफ के जवान और मेट्रो कर्मी घायल युवक को ट्रैक से निकाल कर एम्स ले जा चुके थे। जहां युवक को डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। पुलिस अस्पताल पहुंचकर शव को कब्जे में लिया। युवक के पास से एक मोबाइल फोन, दो मेट्रो कार्ड और कुछ दवाइयां मिली। फोन के जरिए युवक की पहचान की गई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मामले की जांच शुरू की।
जांच के दौरान पता चला कि युवक बादली की ओर जाने वाली प्लेटफार्म नंबर दो पर ट्रेन के सामने छलांग लगाई थी। पुलिस ने प्लेटफार्म पर लगे सीसीटीवी कैमरे की जांच की। जिसमें साफ तौर पर दिख रहा है कि युवक ट्रेन के प्लेटफार्म पर आने के दौरान दौड़कर वहां पहुंचा और ट्रेन के सामने छलांग लगाकर पटरी पर सो गया।
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि अजितेज अपनी मां के साथ सत्य निकेतन इलाके में रहते थे। उनके पिता भूपेंद्र सिंह का देहांत हो चुका है। उनकी एक बहन है, जिनकी शादी हो चुकी है। युवक की मां ने पुलिस को बताया कि 2014 में पिता की मौत के बाद से अजितेज अवसाद रोग से ग्रस्त हो गए। उनका गंगाराम अस्पताल में इलाज चल रहा था। इससे पहले भी उन्होंने घर में दो बार खुदकुशी करने का प्रयास किया था। पुलिस मामले की छानबीन कर रही है।

