जयपुर में सेना दिवस की भव्य तैयारियां
भारतीय सेना के 78वें सेना दिवस (15 जनवरी) से पहले जयपुर में तैयारियां अपने चरम पर पहुंच गई हैं। शनिवार को सवाई मानसिंह स्टेडियम में ‘शौर्य संध्या’ कार्यक्रम की रिहर्सल आयोजित की गई, जिसमें अत्याधुनिक तकनीक और परंपरा का अनूठा संगम देखने को मिला। इस रिहर्सल में एक हजार से अधिक स्वदेशी ड्रोन के जरिए भारतीय सेना की वीरता और गौरवशाली इतिहास को आसमान पर जीवंत रूप में प्रस्तुत किया गया।
ड्रोन शो बना आकर्षण का केंद्र
शाम होते ही गुलाबी शहर के आसमान में ड्रोन शो ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया। स्वदेशी ड्रोन के समन्वय से महाभारत के महान योद्धा अर्जुन का रथ आकार लिया, जिसमें भगवान श्रीकृष्ण सारथी के रूप में नजर आए और अर्जुन धनुष चलाते दिखे। यह दृश्य भारतीय सांस्कृतिक विरासत और सैन्य परंपरा का प्रतीक बनकर उभरा, जिसे देखकर स्टेडियम में मौजूद हजारों लोग तालियों से उत्साह व्यक्त करते नजर आए।
लाइट, साउंड और पराक्रम का संगम
शौर्य संध्या की रिहर्सल के दौरान लाइट एंड साउंड शो, ड्रोन शो, पैराशूट प्रदर्शन, तलवारबाजी और नाट्य प्रस्तुतियों का आयोजन किया गया। ठंडी सर्द शाम में स्टेडियम दर्शकों से खचाखच भरा रहा। कार्यक्रम में सेना के अनुशासन, तकनीकी दक्षता और युद्ध कौशल की झलक साफ दिखाई दी।
- Advertisement -
सेना दिवस को जनता से जोड़ने की पहल
मुख्य अतिथि आर्मी कमांडर लेफ्टिनेंट जनरल मनजिंदर सिंह ने कहा कि 15 जनवरी भारतीय सेना के लिए अत्यंत महत्वपूर्ण दिन है। वर्ष 2022 तक सेना दिवस परेड दिल्ली तक सीमित थी, लेकिन अब इसे देश के विभिन्न हिस्सों तक ले जाया जा रहा है ताकि आम नागरिक सेना की शौर्य गाथा से सीधे जुड़ सकें। उन्होंने कहा कि राजस्थान की धरती ने राणा सांगा और महाराणा प्रताप जैसे महान योद्धा दिए हैं, इसलिए जयपुर इस आयोजन के लिए विशेष महत्व रखता है।
ऑपरेशन सिंदूर पर नाट्य प्रस्तुति
कार्यक्रम के दौरान ‘ऑपरेशन सिंदूर’ पर आधारित नाट्य प्रस्तुति ने दर्शकों को भावुक कर दिया। इसमें आतंकवाद के खिलाफ भारतीय सेना की कार्रवाई, दुश्मन के ठिकानों को नष्ट करने और सैनिकों के अदम्य साहस को मंच के माध्यम से दर्शाया गया। इस प्रस्तुति ने जवानों के पराक्रम और बलिदान को प्रभावशाली ढंग से सामने रखा।
फुल ड्रेस रिहर्सल भी संपन्न
इसी क्रम में जगतपुरा स्थित महल रोड पर भारतीय सेना की दूसरी फुल ड्रेस रिहर्सल भी सफलतापूर्वक पूरी की गई। सेना दिवस पर होने वाली परेड को लेकर प्रशासन और सुरक्षा एजेंसियां पूरी तरह सतर्क हैं।


