राजस्थान सरकार आमजन को डिजिटल सुविधाएं उपलब्ध कराने की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाने जा रही है। सूचना प्रौद्योगिकी एवं संचार विभाग ने व्हाट्सएप आधारित ई-मित्र सेवा शुरू करने की तैयारी कर ली है। विभाग की ओर से इस संबंध में आधिकारिक आदेश जारी कर लाइव टेस्टिंग भी शुरू कर दी गई है। जल्द ही यह सुविधा पूरे प्रदेश में लागू की जाएगी।
नई व्यवस्था लागू होने के बाद लोगों को प्रमाण पत्र बनवाने, संशोधन करवाने या अन्य सरकारी सेवाओं के लिए ई-मित्र केंद्रों और सरकारी कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे। इससे समय और धन दोनों की बचत होगी।
व्हाट्सएप आधारित ई-मित्र सेवा के जरिए मूल निवास प्रमाण पत्र, जाति प्रमाण पत्र, आय प्रमाण पत्र, जनआधार, पैन कार्ड और अन्य दस्तावेजों से जुड़े कार्य मोबाइल फोन से ही किए जा सकेंगे। इसके अलावा राशन कार्ड, पेंशन, छात्रवृत्ति, श्रमिक कार्ड, किसान कल्याण योजनाएं तथा बिजली-पानी के बिल भुगतान समेत 500 से अधिक सरकारी सेवाओं का लाभ भी घर बैठे लिया जा सकेगा।
सरकार का मानना है कि इस सुविधा से ग्रामीण और दूरदराज क्षेत्रों के लोगों को विशेष लाभ मिलेगा। साथ ही ई-मित्र केंद्रों पर अतिरिक्त शुल्क वसूलने की शिकायतों में भी कमी आएगी और सेवाओं में पारदर्शिता बढ़ेगी।
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ऐसे करें सेवा का उपयोग
- व्हाट्सएप नंबर 9922970108 पर “Hi” लिखकर संदेश भेजें।
- इसके बाद हिंदी या अंग्रेजी भाषा का विकल्प दिखाई देगा।
- भाषा चुनते ही सरकारी सेवाओं, योजनाओं और प्रमाण पत्रों का मेन्यू खुल जाएगा।
- चैटबॉट आपकी पात्रता की जांच करेगा और आवश्यक दस्तावेज मोबाइल कैमरे से अपलोड किए जा सकेंगे।
- प्रक्रिया पूरी होने के बाद संबंधित सेवा का लाभ ऑनलाइन प्राप्त किया जा सकेगा।
इस नई पहल से राजस्थान में डिजिटल गवर्नेंस को बढ़ावा मिलेगा और सरकारी सेवाएं आमजन तक अधिक आसान और पारदर्शी तरीके से पहुंच सकेंगी।
